पहली बीटल से लेकर बहु-मॉडल उत्पादन तक
31 अगस्त को, फॉक्सवैगन ने दक्षिण अफ्रीका में उत्पादन के 75 वर्ष पूरे होने का जश्न मनाया। स्थानीय स्तर पर निर्मित पहली बीटल कार 31 अगस्त, 1951 को तत्कालीन यूइटेनहेज (अब कारीगा) स्थित संयंत्र में असेंबली लाइन से निकली थी।
फॉक्सवैगन के अनुसार, इस दौरान संयंत्र में लगभग चालीस मॉडल तैयार किए गए और 48 लाख से अधिक कारें बनाई गईं। इनमें से तीन लाख से अधिक कारें घरेलू बाजार के लिए थीं।
स्थानीय कारखाने का इतिहास क्या दर्शाता है?
दीर्घकालिक उत्पादन से आपूर्तिकर्ताओं, सेवा कौशल और स्थानीय ऑटोमोटिव आदतों का एक नेटवर्क बनता है। कंपनी की मॉडल सूची में बीटल, कोम्बी, गोल्फ, जेटा, पोलो और अन्य शामिल थे। वर्षगांठ के कुल परिणाम को संयंत्र की एक वर्ष की क्षमता के साथ भ्रमित नहीं किया जाना चाहिए।
निर्माण का देश और विनिर्देश का देश
फॉक्सवैगन चुनते समय, यह जानना ज़रूरी है कि गाड़ी किस कारखाने में बनी है और किस बाज़ार के लिए बनाई गई है। कारखाने के नियंत्रण में सभी सेटिंग्स, उपकरण या स्टीयरिंग व्हील की जगह तय नहीं होती। अंतरराष्ट्रीय खरीद के लिए, VIN, मूल दस्तावेज़ और स्पेसिफिकेशन्स की जांच करें। ब्रांड का इतिहास जानकारी देता है, लेकिन तकनीकी स्थिति और स्थानीय ज़रूरतों के साथ अनुकूलता की अलग से जांच करनी चाहिए।


